भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने Broadcast Audience Research Council (BARC) को निर्देश दिया है कि न्यूज़ टीवी चैनलों की TRP (Television Rating Points) रिपोर्टिंग फिलहाल चार सप्ताह के लिए रोक दी जाए। मंत्रालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू होगी और चार सप्ताह बाद या अगले निर्देश तक लागू रह सकती है।
मंत्रालय ने अपने आदेश में कहा है कि हाल के समय में अंतरराष्ट्रीय घटनाओं, विशेष रूप से इज़राइल–ईरान संघर्ष से जुड़ी खबरों के प्रसारण के दौरान कुछ टीवी चैनलों पर अत्यधिक सनसनीखेज और अनुमान आधारित सामग्री दिखाई जाने की स्थिति देखी गई है। मंत्रालय के अनुसार इस प्रकार की प्रस्तुति से आम दर्शकों के बीच भ्रम या चिंता की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
Broadcast Audience Research Council (BARC) भारत में टीवी चैनलों की दर्शक संख्या मापने वाली संस्था है। यह विभिन्न शहरों और घरों में लगाए गए उपकरणों के माध्यम से यह अनुमान लगाती है कि लोग कौन-सा चैनल और कार्यक्रम कितनी देर तक देख रहे हैं। इसी आधार पर साप्ताहिक TRP रिपोर्ट जारी की जाती है, जिससे यह समझा जाता है कि कौन-से टीवी कार्यक्रम या न्यूज़ चैनल दर्शकों के बीच अधिक देखे जा रहे हैं।
आम दर्शकों के दृष्टिकोण से TRP एक ऐसा संकेतक होता है जिससे टीवी चैनलों की लोकप्रियता का अंदाजा लगाया जाता है। इसी डेटा के आधार पर विज्ञापन कंपनियां और प्रसारण नेटवर्क यह तय करते हैं कि किस चैनल या कार्यक्रम में विज्ञापन प्रसारित किए जाएं। इसलिए टीआरपी रिपोर्ट टीवी उद्योग और विज्ञापन बाजार दोनों के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है।
मंत्रालय द्वारा जारी आदेश 6 मार्च 2026 को जारी किया गया और इसे BARC के मुख्य कार्यकारी अधिकारी को संबोधित किया गया है। मंत्रालय ने कहा है कि यह निर्णय सार्वजनिक हित को ध्यान में रखते हुए लिया गया है और संबंधित एजेंसियों को निर्देशों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया है।










